पालघर: भारत में हर साल सड़क दुर्घटनाओं के कारण लगभग डेढ़ लाख लोग अपनी जान गंवा देते हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए और केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्रालय द्वारा दुर्घटना मृत्यु दर को कम करने के निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने की दिशा में पालघर जिला पुलिस ने एक प्रभावी कदम उठाया है। पुलिस अधीक्षक यतिश देशमुख के मार्गदर्शन में जिले के प्रमुख शहरों में आधुनिक तकनीक का सहारा लेते हुए जन-जागरूकता अभियान तेज कर दिया गया है।

तकनीक के जरिए जागरूकता: 8 प्रमुख स्थानों पर LED स्क्रीन
पालघर जिला यातायात शाखा ने जिले के व्यस्ततम और प्रमुख क्षेत्रों में कुल 8 बड़ी LED स्क्रीन स्थापित की हैं। ये स्क्रीन डहाणू, बोईसर, पालघर, वाडा, विक्रमगढ़ और जव्हार जैसे शहरों के उन मुख्य चौराहों पर लगाई गई हैं, जहाँ नागरिकों और वाहन चालकों की आवाजाही सबसे अधिक होती है। इन स्क्रीनों के माध्यम से यातायात नियमों और सुरक्षा निर्देशों का निरंतर प्रसारण किया जा रहा है, ताकि लोगों की नजर इन पर सहजता से पड़े और वे नियमों के प्रति सचेत रहें।
इन नियमों पर दिया जा रहा है विशेष जोर
प्रसारित किए जा रहे संदेशों में मुख्य रूप से उन कारणों पर ध्यान केंद्रित किया गया है, जो सड़क दुर्घटनाओं का सबसे बड़ा कारण बनते हैं। इनमें शामिल हैं:
सुरक्षा कवच: चार पहिया वाहन चलाते समय सीटबेल्ट और दोपहिया के लिए हेलमेट का अनिवार्य उपयोग।
क्षमता से अधिक सवारी: मोटरसाइकिल पर ‘ट्रिपल सीट’ सवारी न करने की सख्त हिदायत।
नशे के खिलाफ चेतावनी: शराब पीकर वाहन चलाने (Drunk and Drive) के घातक परिणामों के प्रति सचेत करना।
यातायात अनुशासन: अन्य महत्वपूर्ण सड़क संकेतों और नियमों की विस्तृत जानकारी।
उच्चाधिकारियों का मार्गदर्शन और अपील
यह संपूर्ण उपक्रम पुलिस अधीक्षक श्री यतिश देशमुख, अपर पुलिस अधीक्षक श्री विनायक नरले और पुलिस उपाधीक्षक (गृह) श्री रवींद्र नाईक के मार्गदर्शन में जिला यातायात शाखा के प्रभारी अधिकारी सपोनि अनिल खटके द्वारा क्रियान्वित किया जा रहा है।
पुलिस अधीक्षक यतिश देशमुख ने जिले के नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि पुलिस बल यातायात को सुरक्षित, सुखद और बाधारहित बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। नागरिक केवल कानूनी कार्रवाई के डर से नहीं, बल्कि अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करें और पुलिस प्रशासन का सहयोग करें।
डिजिटल मुहिम का असर
पालघर जिला औद्योगिक बेल्ट और राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ा होने के कारण यहाँ यातायात का दबाव काफी अधिक रहता है। ऐसे में पारंपरिक विज्ञापनों की तुलना में डिजिटल LED स्क्रीनों का प्रभाव अधिक पड़ता है। यह तरीका न केवल शहरी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले चालकों को भी सुरक्षा के प्रति सजग बनाने में मददगार साबित होगा।






