पालघर, 07 जुलाई: पालघर जिले में जारी मूसलाधार बारिश और मौसम विभाग द्वारा जारी ‘रेड अलर्ट’ को दृष्टिगत रखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। आपातकालीन स्थितियों से निपटने, जन-जीवन की सुरक्षा सुनिश्चित करने और आवश्यक सेवाओं के निर्बाध संचालन हेतु जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की अध्यक्ष डॉ. इंदू रानी जाखड़ की अध्यक्षता में एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिला परिषद, महावितरण, सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD), स्वास्थ्य, आपूर्ति, पशुपालन और राजस्व सहित सभी संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
प्रशासन की तैयारियों के मुख्य बिंदु:
- निर्बाध बिजली और संचार: जिलाधिकारी ने महावितरण को निर्देश दिए हैं कि अस्पतालों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) और राहत केंद्रों में विद्युत आपूर्ति प्राथमिकता के आधार पर बहाल रखी जाए। साथ ही, मोबाइल नेटवर्क सेवा में बाधा न आए, इसके लिए संचार टावरों की बिजली आपूर्ति को दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं।
- यातायात और मार्ग बहाली: सार्वजनिक निर्माण विभाग और जिला परिषद को जलभराव वाली सड़कों की तत्काल निकासी, गिरे हुए पेड़ों को हटाने और क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत सुनिश्चित करने को कहा गया है।
- स्वास्थ्य सेवाएं: स्वास्थ्य विभाग को महामारी की रोकथाम के लिए ‘एपिडेमिक रिस्पांस किट’ के साथ तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं। ग्रामीण अस्पतालों में एंटी-स्नेक वेनम (ASV) और जीवन रक्षक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित किया गया है।
- राहत एवं क्षतिपूर्ति: आपूर्ति विभाग को खाद्यान्न का पर्याप्त भंडारण रखने और प्रभावित परिवारों तक समय पर आवश्यक वस्तुएं पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। तहसीलदारों को क्षतिग्रस्त घरों व कृषि नुकसान का विहित समयावधि में पंचनामा पूरा करने को कहा गया है।
- नियंत्रण कक्ष सक्रिय: जिला आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष 24 घंटे कार्य कर रहा है। राहत शिविरों में भोजन, पेयजल और स्वच्छता मानकों की निरंतर निगरानी के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।
नागरिकों से अपील
जिलाधिकारी डॉ. इंदू रानी जाखड़ ने नागरिकों से सावधानी बरतने का आग्रह करते हुए कहा, “जिला प्रशासन किसी भी आपदा से निपटने के लिए पूरी तरह तत्पर है। प्रत्येक नागरिक की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेरा जिलेवासियों से अनुरोध है कि वे सतर्क रहें, अनावश्यक यात्रा करने से बचें और प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं का ही पालन करें।”






