पालघर: अक्सर कहा जाता है कि यात्रा के दौरान अपनी सुरक्षा और सामान की जिम्मेदारी स्वयं की होती है, लेकिन कभी-कभी शातिर अपराधी हमारी नजर चूकते ही बड़ी वारदात को अंजाम दे देते हैं। ऐसा ही कुछ हुआ 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला कुसुम सुंदर धनवड़े के साथ, जो सूरत से महाड जा रही थीं। हालांकि, इस कहानी का अंत चोरों की गिरफ्तारी और गहनों की बरामदगी के साथ सुखद रहा।

आधी रात को होटल पर मचा हड़कंप
घटना 30 मार्च 2026 की रात की है। गुजरात परिवहन मंडल की बस (GJ 18 ZT 0461) यात्रियों को लेकर सूरत से महाड की ओर बढ़ रही थी। रात के करीब 11:30 बज रहे थे, जब बस कासा पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत धानीवरी गांव के पास ‘होटल तुलसी’ पर विश्राम के लिए रुकी।
जैसे ही बस रुकी, शिकायतकर्ता महिला कुसुम धनवड़े ने अपनी सीट के नीचे रखे बैग की जाँच की। उनके होश उड़ गए जब उन्होंने देखा कि बैग खुला हुआ है और उसमें रखे 2,38,800 रुपये की कीमत के सोने के जेवरात गायब हैं। बुजुर्ग महिला की चीख-पुकार सुनकर बस में अफरा-तफरी मच गई।
कासा पुलिस की ‘सुपरफास्ट’ कार्रवाई
महिला ने तुरंत हिम्मत दिखाई और स्थानीय कासा पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कासा पुलिस की टीम किसी फिल्मी एक्शन की तरह चंद मिनटों में होटल पहुंच गई। पुलिस ने सबसे पहले बस को अपने घेरे में लिया ताकि कोई भी संदिग्ध भाग न सके।
प्रभारी अधिकारी अमर पाटिल के नेतृत्व में पुलिस कर्मियों ने बस के भीतर एक-एक यात्री और उनके सामान की सघन तलाशी शुरू की। पुलिस की इस अचानक कार्रवाई से बस में छिपे चोर घबरा गए।
चार शातिर चोर गिरफ्तार, गिरोह का पर्दाफाश
सघन तलाशी के दौरान पुलिस ने चार संदिग्ध युवकों को पकड़ा। जब उनसे कड़ाई से पूछताछ की गई और उनके पास मौजूद सामान की तलाशी ली गई, तो महिला के चोरी हुए सारे गहने बरामद हो गए। पकड़े गए आरोपी गुजरात और नंदुरबार के रहने वाले हैं:
- शिवा नागराज कावड़िया (निवासी: सूरत, गुजरात)
- कार्तिक सुरेश नायडू (निवासी: नवापुर, नंदुरबार)
- विक्रम गारगुत्तु नायडू (निवासी: नवापुर, नंदुरबार)
- रमेश सुरेश नायडू (निवासी: नवापुर, नंदुरबार)
पुलिस को शक है कि यह एक पेशेवर गिरोह है जो लंबी दूरी की बसों में बुजुर्गों और महिलाओं को अपना निशाना बनाता है।
नई कानूनी धाराओं के तहत मामला दर्ज
पालघर के पुलिस अधीक्षक श्री यतिश देशमुख के निर्देशानुसार, चारों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की नई धाराओं (305-E और 3-5) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें सलाखों के पीछे भेज दिया गया है। फिलहाल पुलिस यह पता लगा रही है कि इस गिरोह ने अब तक कितनी और वारदातों को अंजाम दिया है।
जनहित में जारी: कैसे रहें सुरक्षित?
इस घटना के माध्यम से पुलिस और ‘खबरदीप जनमंच’ पाठकों से अपील करता है कि:
- यात्रा के दौरान जेवरात और कीमती सामान वाले बैग को हमेशा अपने पास या चैन से लॉक करके रखें।
- बस रुकने पर अगर आप नीचे उतरते हैं, तो अपना कीमती सामान साथ ले जाएं या किसी भरोसेमंद साथी को पास बिठाएं।
- किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की हरकत दिखने पर तुरंत बस कंडक्टर या पुलिस को सूचित करें।





