बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है जहां मशहूर फिल्म निर्माता और पूर्व CBFC अध्यक्ष पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके निधन की खबर से पूरे फिल्म जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। बताया जा रहा है कि वह लंबे समय से लिवर से जुड़ी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। इलाज के बावजूद उनकी तबीयत में सुधार नहीं हो सका और अंततः उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया। उनके निधन ने न सिर्फ उनके परिवार को बल्कि पूरी फिल्म इंडस्ट्री को गहरे सदमे में डाल दिया है।

फिल्म इंडस्ट्री में योगदान और शुरुआती सफर
पहलाज निहलानी ने हिंदी सिनेमा में अपने करियर की शुरुआत 1982 में फिल्म ‘हथकड़ी’ के जरिए बतौर निर्माता की थी। इस फिल्म में शत्रुघ्न सिन्हा, रीना रॉय और संजीव कुमार जैसे बड़े कलाकार शामिल थे। इसके बाद उन्होंने लगातार कई सफल फिल्मों का निर्माण किया और अपनी एक अलग पहचान बनाई। उनकी फिल्मों ने उस दौर में दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई और बॉक्स ऑफिस पर भी शानदार प्रदर्शन किया। पहलाज निहलानी का नाम उन निर्माताओं में शामिल रहा जिन्होंने कमर्शियल सिनेमा को एक नई दिशा देने का काम किया।
गोविंदा और चंकी पांडे को दिया बड़ा ब्रेक
पहलाज निहलानी को कई कलाकारों का करियर बनाने का श्रेय दिया जाता है। उन्होंने 1986 में फिल्म ‘इल्जाम’ के जरिए गोविंदा को लॉन्च किया, जिसने आगे चलकर सुपरस्टार का दर्जा हासिल किया। इसके अलावा उन्होंने चंकी पांडे को भी फिल्म ‘आग ही आग’ के जरिए इंडस्ट्री में मौका दिया। 1993 में आई गोविंदा और चंकी पांडे स्टारर फिल्म ‘आंखें’ उस समय की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक रही। उनके द्वारा बनाई गई फिल्मों में ‘अंदाज’, ‘आग का गोला’, ‘दिल तेरा दीवाना’, ‘शोला और शबनम’ जैसी कई चर्चित फिल्में शामिल हैं।
CBFC चेयरमैन के रूप में विवादों में भी रहे
फिल्म निर्माण के अलावा पहलाज निहलानी 2015 से 2017 तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के चेयरमैन भी रहे। इस दौरान वह फिल्मों की सेंसरशिप को लेकर कई बार विवादों में भी घिरे रहे। उनके कार्यकाल में कई फिल्मों पर सख्त निर्णय लिए गए, जिसके कारण वह चर्चा का विषय बने रहे। इससे पहले वह एसोसिएशन ऑफ मोशन पिक्चर एंड टीवी प्रोग्राम प्रोड्यूसर्स के अध्यक्ष भी रह चुके थे, हालांकि 2009 में उन्होंने इस पद से इस्तीफा दे दिया था।
परिवार और फिल्म जगत में गहरा शोक
पहलाज निहलानी के निधन से उनका परिवार पूरी तरह टूट गया है। उनकी पत्नी नीता निहलानी और तीन बेटे विशाल, दीपेश और चिराग गहरे सदमे में हैं। फिल्म इंडस्ट्री के कई कलाकारों और निर्माताओं ने उनके निधन पर शोक व्यक्त किया है और उनके योगदान को याद किया है। उनका जाना हिंदी सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है, जिसकी भरपाई करना आसान नहीं होगा।








