पालघर | 5 अगस्त 2026: जिले में इस वर्ष हुई अच्छी बारिश ने हरित महाराष्ट्र अभियान को नई रफ्तार दे दी है। अनुकूल मौसम और बढ़ी हुई मिट्टी की नमी के कारण वृक्षारोपण के लिए बेहतर परिस्थितियां बनी हैं। इसी का परिणाम है कि ‘एक करोड़ वृक्षारोपण अभियान 2026-27’ के तहत पालघर जिले में अब तक 4 लाख 88 हजार 104 पौधों का सफलतापूर्वक रोपण किया जा चुका है।
जिला प्रशासन के अनुसार वर्ष 2026-27 के लिए जिले के विभिन्न शासकीय विभागों और कार्यालयों को कुल 33 लाख 2 हजार पौधों के रोपण का लक्ष्य दिया गया है। सभी विभाग स्थानीय परिस्थितियों, उपलब्ध भूमि और पौधों की उपलब्धता को ध्यान में रखते हुए योजनाबद्ध तरीके से अभियान चला रहे हैं। प्रशासन विभागवार प्रगति की नियमित समीक्षा कर रहा है ताकि निर्धारित लक्ष्य समय पर पूरा किया जा सके।
पौधारोपण के साथ संरक्षण पर भी विशेष ध्यान
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल पौधे लगाना ही उद्देश्य नहीं है, बल्कि प्रत्येक पौधे का संरक्षण, रखरखाव और नियमित देखभाल भी अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। जिला प्रशासन का प्रयास है कि पिछले वर्ष की तरह इस बार भी निर्धारित लक्ष्य से अधिक पौधारोपण कर पालघर को और अधिक हरित बनाया जाए। इस अभियान में नागरिकों, सरकारी अधिकारियों-कर्मचारियों, स्थानीय स्वराज संस्थाओं और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है।
पिछले वर्ष लक्ष्य से 6.44 लाख अधिक पौधे लगाए गए
‘हरित महाराष्ट्र, समृद्ध महाराष्ट्र’ अभियान के तहत वर्ष 2025-26 में पालघर जिले को 38 लाख 40 हजार पौधारोपण का लक्ष्य मिला था। विभिन्न शासकीय विभागों और स्थानीय स्वराज संस्थाओं के समन्वय से जिले में 44 लाख 84 हजार 260 पौधों का रोपण किया गया। इस प्रकार जिले ने लक्ष्य से लगभग 6 लाख 44 हजार अधिक पौधे लगाकर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की थी।
विशेष अभियान के तहत चला व्यापक वृक्षारोपण
महाराष्ट्र शासन के राजस्व एवं वन विभाग के निर्देशानुसार 22 जुलाई से 2 अगस्त 2026 तक जिलाधिकारी डॉ. इंदु रानी जाखड़ के नेतृत्व में विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में स्थानीय जलवायु और भौगोलिक परिस्थितियों के अनुरूप बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया गया।
जल संरक्षण को भी मिली प्राथमिकता
मुख्यमंत्री के जन्मदिवस के अवसर पर वीबी-जी राम जी योजना के अंतर्गत जिले में 531 जलतारा कार्य पूरे किए गए हैं। इन कार्यों से वर्षा जल के संरक्षण, भूजल स्तर में सुधार और नए लगाए गए पौधों के बेहतर संरक्षण में मदद मिलने की उम्मीद है।
अब तक की प्रगति के अनुसार वीबी-जी राम जी योजना के तहत 1,59,544 तथा अन्य योजनाओं के माध्यम से 3,28,560 पौधों का रोपण किया गया है।
इन विभागों ने किया सबसे अधिक पौधारोपण
अब तक सर्वाधिक वृक्षारोपण करने वाले विभागों में उप वनसंरक्षक, वन विभाग डहाणू (2,14,400 पौधे), उप वनसंरक्षक, वन विभाग जव्हार (60,565), जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी, पालघर (41,600), सामाजिक वनीकरण विभाग डहाणू/ठाणे (33,600) तथा रेशम विकास विभाग, जव्हार (30,000) प्रमुख हैं।
‘अमृतवृक्ष’ ऐप से होगी ऑनलाइन निगरानी
वृक्षारोपण की जानकारी ऑनलाइन दर्ज करने और पौधों के संरक्षण की निगरानी के लिए राज्य सरकार ने ‘अमृतवृक्ष’ ऐप विकसित किया है। जिला प्रशासन ने नागरिकों, स्वयंसेवी संस्थाओं और सभी शासकीय विभागों से इस ऐप का अधिक से अधिक उपयोग करने की अपील की है।
पारदर्शिता के लिए फोटो डॉक्यूमेंटेशन अनिवार्य
अभियान में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पौधारोपण कार्यों का ‘NoteCam Photo’ के माध्यम से फोटो सहित संपूर्ण दस्तावेजीकरण करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी डॉ. इंदु रानी जाखड़ ने कहा कि अनुकूल मौसम का लाभ उठाते हुए नागरिक, निजी कंपनियां, हाउसिंग सोसायटी, सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाएं अधिक से अधिक संख्या में वृक्षारोपण अभियान से जुड़ें, ताकि ‘हरित पालघर’ के लक्ष्य को साकार किया जा सके।
वहीं, उप जिलाधिकारी विजया जाधव ने कहा कि ‘विकसित भारत रोजगार व आजीविका हमी अभियान–ग्रामीण (वीबी-जी राम जी)’ के तहत वृक्षारोपण और जल संरक्षण कार्यों की विस्तृत योजना तैयार की गई है। इससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिलेगा।







