पठानकोट में रसोई गैस की भारी कमी ने आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। हालात इतने खराब हो गए हैं कि सुबह होते ही गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें लग जाती हैं। लोग घंटों इंतजार करने को मजबूर हैं। कई लोग सुबह चार बजे से लाइन में खड़े नजर आए। कुछ लोगों ने बताया कि वे पिछले दो से तीन दिनों से लगातार एजेंसी के चक्कर लगा रहे हैं लेकिन अब तक उन्हें गैस सिलेंडर नहीं मिल पाया है। इस स्थिति ने शहर में गुस्सा और निराशा दोनों को बढ़ा दिया है।

मंत्री का अचानक दौरा और मौके पर सख्त रुख
लगातार मिल रही शिकायतों के बाद लाल चंद कटरूचक ने खुद हालात का जायजा लेने का फैसला किया। वह सुबह करीब नौ बजे टांगोसाह स्थित गैस एजेंसी पहुंचे। वहां पहुंचते ही उन्होंने सैकड़ों लोगों की भीड़ और उनकी परेशानी को करीब से देखा। हालात देखकर मंत्री ने तुरंत एजेंसी स्टाफ को फटकार लगाई। उन्होंने मौके पर ही जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक राज ऋषि मेहरा को फोन किया और पूरे मामले की जानकारी देते हुए सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। मंत्री का यह रुख साफ संकेत दे रहा था कि प्रशासन अब इस मुद्दे को गंभीरता से ले रहा है।
जांच में सामने आई बड़ी लापरवाही और स्टाफ की कमी
निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि गैस एजेंसी में स्टाफ की भारी कमी है। मौके पर केवल एक स्टोर इंचार्ज ही मौजूद था। गोदाम बंद मिला जिसे मंत्री ने खुलवाकर खुद निरीक्षण किया। इस दौरान कई खामियां सामने आईं। मंत्री ने साफ कहा कि आम जनता को इस तरह परेशान करना किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने भी भरोसा दिया कि जो भी एजेंसी नियमों का उल्लंघन करती पाई जाएगी उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सख्त चेतावनी और आगे की कार्रवाई की तैयारी
मंत्री लाल चंद कटरूचक ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि यदि कोई भी गैस एजेंसी जानबूझकर लापरवाही करती पाई गई तो उसके खिलाफ कड़ी सजा दी जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले दिनों में जिले की अन्य गैस एजेंसियों पर भी अचानक निरीक्षण किया जाएगा। शहर में बढ़ते जनाक्रोश के बीच प्रशासन की इस कार्रवाई से लोगों में उम्मीद जगी है कि जल्द ही उन्हें राहत मिलेगी। मंत्री ने यह मुद्दा विधानसभा में भी उठाया है और भरोसा दिलाया है कि आम जनता को अब और परेशान नहीं होने दिया जाएगा।







