नई दिल्ली/देश डेस्क | 3 मार्च, 2026, आज पूरा देश रंगों का त्योहार होली मना रहा है, लेकिन इसी बीच आसमान में एक अद्भुत और दुर्लभ खगोलीय घटना घटने जा रही है। आज साल 2026 का पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण (Total Lunar Eclipse) लगने जा रहा है। ज्योतिषविदों के अनुसार, लगभग 100 साल बाद ऐसा संयोग बना है जब होली और पूर्ण चंद्र ग्रहण एक ही दिन पड़ रहे हैं। इस ग्रहण की सबसे बड़ी विशेषता इसका ‘ब्लड मून’ (Blood Moon) अवतार है, जिसमें चंद्रमा पूरी तरह पृथ्वी की छाया में छिपने के बाद गहरे लाल या तांबे के रंग का दिखाई देगा।
📊 ग्रहण का सटीक समय: पल-पल की जानकारी (IST)
भारतीय मानक समयानुसार, ग्रहण की खगोलीय प्रक्रिया दोपहर से ही शुरू हो जाएगी, लेकिन भारत में यह शाम को चंद्रोदय के साथ दिखाई देगा:
* ग्रहण का आंशिक प्रारंभ (Penumbral Phase): दोपहर 01:12 PM
* मुख्य ग्रहण का प्रारंभ (Partial Phase): दोपहर 02:20 PM
* पूर्ण ग्रहण की शुरुआत (Totality Starts): दोपहर 03:22 PM
* ग्रहण का मध्य (Greatest Eclipse): शाम 04:23 PM (इस समय चंद्रमा सबसे गहरा लाल होगा)
* पूर्ण ग्रहण की समाप्ति (Totality Ends): शाम 05:24 PM
* ग्रहण का मोक्ष (समाप्ति): शाम 06:47 PM
📍 भारत के प्रमुख शहरों में दृश्यता का विश्लेषण
चूँकि भारत में ग्रहण के समय सूर्य अस्त नहीं हुआ होगा, इसलिए देश के पूर्वी हिस्सों में यह सबसे बेहतर दिखेगा। पश्चिमी हिस्सों में केवल अंतिम चरण दिखाई देगा:
* कोलकाता/गुवाहाटी/पटना: यहाँ चंद्रमा शाम 05:10 PM से 05:30 PM के बीच उदय होगा। यहाँ के लोग ‘ब्लड मून’ का अद्भुत नजारा देख पाएंगे।
* दिल्ली/लखनऊ/जयपुर: यहाँ चंद्रोदय शाम 06:15 PM के आसपास होगा। यहाँ ग्रहण का केवल आंशिक और अंतिम चरण (मोक्ष) दिखाई देगा।
* मुंबई/पुणे/बेंगलुरु: यहाँ चंद्रमा शाम 06:40 PM के बाद उदय होगा, जिससे यहाँ ग्रहण का प्रभाव मात्र 5 से 7 मिनट के लिए ही दृश्य होगा।

🚫 सूतक काल और सावधानियां
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पूर्ण चंद्र ग्रहण का सूतक ग्रहण शुरू होने से 9 घंटे पहले प्रभावी हो जाता है:
* सूतक काल का समय: आज सुबह 06:23 AM से शुरू हो चुका है और यह शाम 06:47 PM तक रहेगा।
* क्या करें: सूतक के दौरान भोजन बनाने और खाने से बचने की सलाह दी जाती है। विशेषकर गर्भवती महिलाओं को नुकीली वस्तुओं के प्रयोग से बचना चाहिए।
* होलिका दहन व पूजा: विद्वानों के अनुसार, ग्रहण की समाप्ति और शुद्धिकरण (स्नान) के बाद ही होली के धार्मिक अनुष्ठान करना श्रेष्ठ है।
🔭 वैज्ञानिक दृष्टिकोण: कैसे देखें?
खगोल विज्ञान के अनुसार, चंद्र ग्रहण को देखना पूरी तरह सुरक्षित है।
* इसे देखने के लिए किसी विशेष चश्मे की जरूरत नहीं है।
* यदि आसमान साफ रहा, तो आप अपनी छत से ही पूर्वी दिशा (East) में उदय होते हुए लाल चंद्रमा को देख सकते हैं।
* बेहतर अनुभव के लिए सामान्य दूरबीन (Binoculars) का प्रयोग करें।
प्रस्तुति: न्यूज डेस्क, खबरदीप जनमंच









