
विशेष रिपोर्ट: खबरदीप जनमंच मुंबई:
मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे (CSMIA) पर सीमा शुल्क (कस्टम) विभाग और एयर इंटेलिजेंस यूनिट (AIU) ने मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। बैंकॉक (थाईलैंड) से लौट रही एक हाई-प्रोफाइल महिला को करीब 11.82 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाले (हाई-ग्रेड) प्रतिबंधित ‘हाइड्रोपोनिक गांजे’ (मरीजुआना) के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में जब्त किए गए इस मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत लगभग 11 करोड़ 82 लाख रुपये (करीब 12 करोड़ रुपये) आंकी गई है।
सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार घटनाक्रम (Official Timeline)
कस्टम विभाग और सुरक्षा एजेंसियों के आधिकारिक दस्तावेजों के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई निम्नलिखित समय-सारणी के तहत दर्ज की गई है:
- विमान का आगमन: आरोपी महिला 10 जून 2026 (बुधवार) की देर रात बैंकॉक से ‘थाई एयरवेज’ के विमान संख्या TG-351 द्वारा मुंबई के लिए रवाना हुई थी।
- एयरपोर्ट पर कार्रवाई: यह विमान 11 जून 2026 (गुरुवार) को तड़के सुबह लगभग 4:00 बजे मुंबई एयरपोर्ट के टर्मिनल-2 पर उतरा। खुफिया इनपुट के आधार पर एयर इंटेलिजेंस यूनिट (AIU) के अधिकारियों ने ग्रीन चैनल पार करते समय आरोपी को जांच के लिए रोका।
- आधिकारिक गिरफ्तारी: एनडीपीएस अधिनियम के तहत आवश्यक कानूनी प्रक्रिया, तलाशी और सामग्री की प्रामाणिक जांच पूरी करने के बाद 11 जून 2026 (गुरुवार) की सुबह 9:00 बजे आरोपी की औपचारिक गिरफ्तारी दर्ज की गई। ट्रॉली बैग के गुप्त खानों में छिपा था नशीला पदार्थ
आधिकारिक जांच रिपोर्ट के मुताबिक, गिरफ्तार महिला की पहचान 29 वर्षीय हर्षा सनी (Harsha Sunny) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से केरल की रहने वाली है। हर्षा एक प्रतिष्ठित निजी बैंक में रिलेशनशिप मैनेजर के पद पर कार्यरत है और पूर्व में एक राज्य स्तरीय सौंदर्य प्रतियोगिता की रनर-अप भी रह चुकी है।
कस्टम विभाग की टीम ने जब महिला के चेक-इन ट्रॉली बैग की गहन जांच की, तो उसके भीतर विशेष रूप से छुपाए गए 12 वैक्यूम-सील्ड (हवाबंद) पैकेट बरामद हुए। इन पैकेटों को खोलने पर उसमें से हरे रंग का वनस्पति पदार्थ मिला। मौके पर ही एनडीपीएस फील्ड टेस्टिंग किट से जांच किए जाने पर इसके प्रीमियम क्वालिटी का विदेशी ‘हाइड्रोपोनिक गांजा’ होने की पुष्टि हुई, जिसका कुल वजन 11.824 किलोग्राम दर्ज किया गया।
आरोपी की दलील और कानूनी स्थिति
पूछताछ के दौरान आरोपी महिला ने वित्तीय लाभ या सिंडिकेट के सीधे जुड़ाव से इनकार करते हुए दावा किया कि बैंकॉक में उसकी मुलाकात एक अज्ञात व्यक्ति से हुई थी, जिसने मुंबई में अपने परिवार को देने के बहाने यह सामान उसे सौंपा था। हालांकि, वाणिज्यिक मात्रा (Commercial Quantity) और पेशेवर पैकेजिंग को देखते हुए जांच एजेंसियां इस दलील को पूरी तरह संदिग्ध मान रही हैं।
अदालत ने भेजा न्यायिक हिरासत में
कस्टम विभाग ने प्रतिबंधित मादक पदार्थ को एनडीपीएस अधिनियम, 1985 (NDPS Act) की सुसंगत धाराओं के तहत जब्त कर आरोपी हर्षा सनी को मुंबई के फोर्ट स्थित विशेष एनडीपीएस न्यायालय (एस्प्लेनेड कोर्ट) के समक्ष पेश किया। मामले की गंभीरता और प्रारंभिक साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए माननीय न्यायालय ने आरोपी महिला को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) में जेल भेजने का आदेश जारी कर दिया है।
कस्टम और अन्य खुफिया एजेंसियां अब इस बात की गहराई से छानबीन कर रही हैं कि थाईलैंड से भारत के बीच सक्रिय इस अंतर्राष्ट्रीय ड्रग्स तस्करी नेटवर्क (इंटरनेशनल सिंडिकेट) के मुख्य सरगना कौन हैं और इस खेप की डिलीवरी मुंबई में किसे की जानी थी।






